पैडावार जिंक सल्फेट 33% एक उच्च गुणवत्ता वाला सूक्ष्म पोषक उर्वरक है जिसे फसलों को आवश्यक जिंक (Zn) और सल्फर (S) प्रदान करने के लिए डिज़ाइन किया गया है। जिंक एंजाइम सक्रियण, क्लोरोफिल निर्माण और पौधों की वृद्धि के नियमन के लिए आवश्यक एक महत्वपूर्ण तत्व है। फसलों में जिंक की कमी से पत्तियों का पीला पड़ना, पौधों की खराब वृद्धि और फसल की पैदावार में कमी हो सकती है।
पैडावार जिंक सल्फेट का नियमित प्रयोग जिंक की कमी को शीघ्रता से दूर करने और पौधों के स्वस्थ विकास को बढ़ावा देने में सहायक होता है। यह जड़ों के विकास में सुधार करता है, बेहतर फूल आने और फल लगने में मदद करता है, और फसल की उत्पादकता बढ़ाता है। यह उर्वरक कई प्रकार की फसलों के लिए उपयुक्त है और इसे मिट्टी में डालकर या पत्तियों पर छिड़काव करके प्रयोग किया जा सकता है।
| विनिर्देश | विवरण |
|---|---|
| ब्रांड | पेदावार |
| प्रोडक्ट का नाम | जिंक सल्फेट 33% |
| तकनीकी नाम | जिंक सल्फेट मोनोहाइड्रेट |
| संघटन | जस्ता (Zn) 33% |
| वर्ग | सूक्ष्म पोषक उर्वरक |
| सूत्रीकरण | जल में घुलनशील क्रिस्टलीय उर्वरक |
| आवेदन विधि | मिट्टी में प्रयोग और पत्तों पर छिड़काव |
| काटना | उद्देश्य | अनुशंसित खुराक |
|---|---|---|
| फसलों | जस्ता की कमी को दूर करें और विकास में सुधार करें | 4-5 किलोग्राम प्रति एकड़ (मिट्टी में डालने के लिए) |
| सब्जियां और फल फसलें | पौधों की वृद्धि और उपज को बढ़ाएं | 5 ग्राम प्रति लीटर पानी (पत्तियों पर छिड़काव) |
प्रश्न 1: जिंक सल्फेट उर्वरक का मुख्य उद्देश्य क्या है?
इसका उपयोग फसलों में जस्ता की कमी को दूर करने और पौधों की वृद्धि और उपज में सुधार करने के लिए किया जाता है।
प्रश्न 2: क्या इसका उपयोग सभी फसलों के लिए किया जा सकता है?
जी हां, इसका उपयोग खेत की फसलों, सब्जियों, फलों, दालों और तिलहन फसलों के लिए किया जा सकता है।
प्रश्न 3: पत्तों पर छिड़काव के लिए अनुशंसित खुराक क्या है?
अनुशंसित मात्रा 5 ग्राम प्रति लीटर पानी है।
प्रश्न 4: फसलों में जस्ता की कमी के लक्षण क्या हैं?
सामान्य लक्षणों में पत्तियों का पीला पड़ना, विकास में रुकावट और कम उपज शामिल हैं।
अस्वीकरण: ऊपर दी गई जानकारी केवल संदर्भ के लिए है। उत्पाद के लेबल और लीफलेट पर दिए गए निर्देशों और सुरक्षा दिशानिर्देशों का हमेशा पालन करें।
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